Most patients with premature heart attacks usually have no significant warning signs. But now, a new test detects silent heart disease in its earliest stage.

🩺 डॉ. उज्ञात धीर
नई दिल्ली, अपडेटेड: 12 मई, 2025 | 15:17 IST


❤️ अब हार्ट अटैक सिर्फ बुजुर्गों की बीमारी नहीं रही – 40% केस 40 की उम्र से कम में

भारत में हर घंटे लगभग 200 लोग हृदय रोग के कारण जान गंवा रहे हैं। और चौंकाने वाली बात यह है कि अब 40% हार्ट अटैक के केस 40 साल से कम उम्र के लोगों में देखे जा रहे हैं।

युवाओं में हार्ट अटैक अचानक होता है, बिना किसी साफ चेतावनी के। ऐसे में अगर समय रहते पता चल जाए कि दिल की धमनियों में कोई समस्या है, तो जीवन बचाया जा सकता है।


🔍 क्या है ‘सीटी कैल्शियम स्कोर’?

CT कैल्शियम स्कोर (जिसे एगैट्सटन स्कोर भी कहते हैं) एक स्पेशल टेस्ट है जो दिल की धमनियों (arteries) में कैल्शियम की मात्रा मापता है। यह कैल्शियम बिल्डअप हृदय रोग की शुरुआती अवस्था को दर्शाता है — यानी हार्ट अटैक आने से पहले की चेतावनी।


🧬 क्यों बढ़ रही है दिल की बीमारी?

आज की जीवनशैली — जिसमें अनहेल्दी डाइट, तनाव, धूम्रपान और शारीरिक निष्क्रियता शामिल हैं — युवाओं में दिल की बीमारी को तेजी से बढ़ा रही है।

अक्सर, हार्ट अटैक के पहले कोई चेतावनी नहीं मिलती। ऐसे में CT कैल्शियम स्कोर टेस्ट एक लाइफसेवर की तरह काम करता है। यह बीमारी को शुरुआती स्तर पर पकड़ लेता है, जिससे समय रहते इलाज शुरू किया जा सकता है।


📊 आपका स्कोर क्या बताता है?

कैल्शियम स्कोरजोखिम स्तर
0कम जोखिम
1 – 100हल्का जोखिम
100 – 300मध्यम जोखिम
300 से ऊपरउच्च जोखिम

भले ही आप स्वस्थ महसूस करते हों, एक हाई कैल्शियम स्कोर छिपी हुई गंभीर बीमारी का संकेत हो सकता है — जो लक्षण आने के कई साल पहले से शुरू हो चुकी होती है।


👨‍⚕️ किन लोगों को ये टेस्ट कराना चाहिए?

यह टेस्ट सभी के लिए नहीं, लेकिन खासतौर पर इन लोगों के लिए जरूरी है:

  • जिनके परिवार में हृदय रोग का इतिहास है
  • जिन्हें हल्के लक्षण हैं (जैसे सीने में दर्द, सांस फूलना, थकान)
  • जिनके लाइफस्टाइल में जोखिम हैं (मोटापा, डायबिटीज, हाई कोलेस्ट्रॉल, स्मोकिंग)

ध्यान दें — यह टेस्ट हमेशा किसी कार्डियोलॉजिस्ट की सलाह के बाद ही कराना चाहिए।


🛡️ जल्दी पहचान, बेहतर सुरक्षा

अगर आप युवा हैं तो यह मत सोचिए कि आप सुरक्षित हैं।
“No Symptoms” का मतलब “No Risk” नहीं होता।
कैल्शियम स्कोर चेक कराना आपकी जान बचा सकता है।

जल्दी जांच, सही लाइफस्टाइल और समय पर इलाज से आप इस ‘साइलेंट किलर’ से खुद को बचा सकते हैं।


अपने दिल की जांच करें — भविष्य को सुरक्षित करें।


📝 डिस्क्लेमर: यह एक विशेषज्ञ द्वारा लिखा गया लेख है। इसमें व्यक्त विचार डॉक्टर की पेशेवर राय है। कृपया किसी भी निर्णय से पहले अपने चिकित्सक से परामर्श लें।


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